भारतीय जनता पार्टी बल्लारपुर मंडल द्वारा मीसाबंदियों का भव्य सम्मान समारोह संपन्न
*ज्योत्स्ना वानखेडे*
भारतीय जनता पार्टी बल्लारपुर मंडल के तत्वावधान में आपातकाल के दौरान मीसा (आंतरिक सुरक्षा संधारण अधिनियम) के अंतर्गत लोकतंत्र की रक्षा के लिए संघर्ष करने वाले लोकतंत्र सेनानियों (मीसाबंदियों) के सम्मान में एक गरिमामय एवं प्रेरणादायी सम्मान समारोह का आयोजन किया गया।
इस अवसर पर महाराष्ट्र के विकास पुरुष, लोकनेता, पूर्व मंत्री एवं बल्लारपुर विधानसभा के लोकप्रिय विधायक मा. श्री सुधीर भाऊ मुंगंटीवार के करकमलों द्वारा वरिष्ठ मीसाबंदी श्री महेश शर्मा, श्री हेमंतराव डहाके, श्री सुधीर टीकेकर, श्री कृष्णदास देशपांडे तथा स्वर्गीय श्री देशकर की धर्मपत्नी का शॉल, श्रीफल एवं पुष्पगुच्छ भेंट कर सम्मान किया गया।
अपने संबोधन में मा. श्री सुधीर भाऊ मुनगंटीवार ने कहा कि 25 जून 1975 को लगाया गया आपातकाल भारतीय लोकतंत्र का सबसे काला अध्याय था। उस कठिन समय में हजारों लोकतंत्र सेनानियों ने व्यक्तिगत स्वतंत्रता और लोकतांत्रिक अधिकारों की रक्षा के लिए संघर्ष किया तथा जेल की यातनाएँ सहन कीं। ऐसे सभी मीसाबंदियों का त्याग, समर्पण और बलिदान राष्ट्र सदैव स्मरण रखेगा। उनका जीवन संघर्ष नई पीढ़ी के लिए लोकतंत्र की रक्षा का प्रेरणास्रोत है।
कार्यक्रम में प्रमुख रूप से वन विकास महामंडल के पूर्व अध्यक्ष श्री चंदन सिंह चंदेल, भाजपा जिला अध्यक्ष श्री हरिश भैया शर्मा, जिला महामंत्री श्री गुलवाड़े , जिला महामंत्री श्री बृजभूषण पाजारे, भाजपा बल्लारपुर मंडल अध्यक्ष एडवोकेट रणन्जय सिंह, शहर महामंत्री श्री देवेंद्र वाटकर, श्री घनश्याम बुरड़कर, श्री सतीश कनकम, भाजपा महिला मोर्चा अध्यक्ष सौ. वैशाली ताई जोशी सहित भारतीय जनता पार्टी के पदाधिकारी, जनप्रतिनिधि, नगरसेवक, शक्ति केंद्र एवं बूथ प्रमुख, कार्यकर्ता तथा बड़ी संख्या में नागरिक उपस्थित रहे।
कार्यक्रम की प्रस्तावना भाजपा जिला अध्यक्ष श्री हरिश भैया शर्मा ने प्रस्तुत की, जबकि कार्यक्रम का प्रभावी संचालन भाजपा बल्लारपुर मंडल अध्यक्ष एडवोकेट रणन्जय सिंह ने किया।
कार्यक्रम का समापन लोकतंत्र सेनानियों के प्रति कृतज्ञता व्यक्त करते हुए राष्ट्रहित, संविधान की गरिमा तथा लोकतांत्रिक मूल्यों की रक्षा के सामूहिक संकल्प के साथ किया गया।